पत्रकार की लेखनी से अगर ब्यूरोक्रेसी जवाबदेह नहीं होती, तो आने वाला समय लोकतंत्र के लिए और भी घातक -श्री सुरेश शर्मा। पत्रकारों के अध्ययन व बौद्धिक तैयारी में आई कमी,आत्मचिंतन की आवश्यकता- रविन्द्र बाजपेयी जर्नलिस्टस एसोसिएशन ऑफ मध्यप्रदेश की प्रदेश कार्य समिति की बैठक संपन्न
पत्रकार की लेखनी से अगर ब्यूरोक्रेसी जवाबदेह नहीं होती, तो आने वाला समय लोकतंत्र के लिए और भी घा…